Friday, September 3, 2021

पैरालंपिक में भारत के प्रवीण कुमार ने इतिहास रचते हुए रजत पदक अपने नाम किया, अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन


भारत के प्रवीण कुमार ने पैरालंपिक के पुरुषों की ऊंची कूद स्पर्धा में रजत पदक जीता है। जिससे भारत की झोली में पदक की संख्या बढ़ कर 11 हो गई है। प्रवीण कुमार ने ग्रेट ब्रिटेन के जोनाथन एडवर्ड्स से पीछे रह गए। प्रवीण ने 2.07 मीटर की छलांग के साथ एक नया एशियाई रिकॉर्ड बनाया है। और जोनाथन ने स्वर्ण के लिए 2.10 मीटर दर्ज किया।कांस्य पदक पोलैंड के रियो खेलों के चैंपियन मासीज लेपियाटो को मिला जिन्होंने 2.04 मीटर हासिल किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रवीण कुमार की तारीफ में ट्वीट करते हुए कहा कि उन्हें उनकी उपलब्धि पर गर्व है। पीएम मोदी ने ट्वीट किया, “पैरालिंपिक में रजत पदक जीतने के लिए प्रवीण कुमार पर गर्व है। यह पदक उनकी कड़ी मेहनत और अद्वितीय समर्पण का परिणाम है। उन्हें बधाई। उनके भविष्य के प्रयासों के लिए शुभकामनाएं।
प्रवीण का एक पैर हल्का छोटा है, लेकिन उन्होंने इसे अपनी कमजोरी नहीं बनने दी, बल्कि इसे अपनी ताकत बनाई। उन्होंने वो हर एक प्रतिस्पर्धा में हिस्सा लिया जिससे वो आगे बढ़ सकते थे, और इसी प्रकार उन्होंने पैरालंपिक के मंच तक भी अपनी पहुंच बनाई। लॉकडॉउन में भी अपनी तयारी अच्छे से करते रहे, कुछ कमी के बावजूद अपने मनोबल में तनिक भी कमी नहीं आने दी।
प्रवीण हमेशा से खेलकूद में आगे रहे, उन्होंने शारीरिक कमजोरी को अपनी ताकत बनाई वह स्कूल में वॉलीबॉल खेलते थे और उनकी जंप भी अच्छी थी, एक बार उन्होंने हाई जंप में भाग लिया और अच्छा प्रदर्शन किया, उसके बाद से उन्होंने इस खेल में रुचि लेना शुरू किया और ट्रेनिंग भी ली। एक बार एक बड़े इवेंट में उनकी मुलाकात एथलेटिक्स कोच डॉ सत्यपाल से हुई जिनपे उन्होंने प्रवीण को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में खेलने की सलाह दी। मिली ट्रेनिंग के बाद उन्होंने खेल में अपनी पूरी ताकत झोंक दी, और आज परिणाम हम सभी के सामने है। उनकी जीत के हम सभी साक्षी हैं। पूरे देश को इनपर गर्व है।

चल रहे पैरालंपिक में भारत का अबतक का श्रेष्ठ प्रदर्शन है। देश ने अब तक दो स्वर्ण, छह रजत और तीन कांस्य पदक जीते हैं।

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